बिहार विधानसभा चुनाव के परिणाम आने के साथ ही राजधानी पटना में स्थित मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के सरकारी आवास पर खुशी का माहौल दौड़ पड़ा। जैसे ही स्पष्ट हुआ कि एनडीए को निर्णायक बढ़त मिल रही है, मुख्यमंत्री आवास पर मौजूद कार्यकर्ताओं और परिवार के सदस्यों के चेहरे खिल उठे। इसी बीच एक भावुक और बेहद खास दृश्य देखने को मिला जब नीतीश कुमार के बेटे निशांत कुमार ने पिता को गले लगाकर उनकी जीत पर बधाई दी। यह क्षण परिवार के लिए अत्यंत भावनात्मक और गर्व से भरा था, क्योंकि वर्षों से राजनीति से दूरी बनाए रखने वाले निशांत पहली बार इस तरह सार्वजनिक रूप से पिता की जीत में शामिल होते दिखे।
नीतीश कुमार ने परिणामों पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि लोगों ने एक बार फिर उन पर विश्वास जताया है, और यह जीत जनता की उम्मीदों और भरोसे की जीत है। उन्होंने कहा कि वे अब तक की तरह विकास, सुशासन और राज्य की प्रगति के लिए बिना किसी भेदभाव के काम करते रहेंगे। उन्होंने यह भी कहा कि चुनाव केवल सत्ता का सवाल नहीं होते, बल्कि जनता के विश्वास को निभाने की जिम्मेदारी का अहसास कराते हैं।
मुख्यमंत्री आवास के बाहर सुबह से ही समर्थकों की भीड़ जुटनी शुरू हो गई थी। जैसे-जैसे रुझान एनडीए के पक्ष में आते गए, माहौल और उत्साह बढ़ता गया। कार्यकर्ताओं ने ढोल-नगाड़ों की थाप पर नाचते हुए अपनी खुशी व्यक्त की। कई जगहों पर पटाखे फोड़े गए और मिठाइयाँ बाँटी गईं। महिलाओं के समूहों ने भी इकट्ठा होकर गीत गाए और नीतीश कुमार के नेतृत्व की तारीफ की।
जदयू कार्यालय और मुख्यमंत्री आवास पर सुरक्षा बढ़ाई गई थी, लेकिन इसके बावजूद जश्न में किसी भी तरह की बाधा नहीं आई। कार्यकर्ताओं का कहना था कि नीतीश कुमार की जीत सुशासन, कानून-व्यवस्था और महिलाओं के सशक्तिकरण जैसे मुद्दों की वजह से संभव हुई है। कई लोगों ने कहा कि नीतीश कुमार एक ऐसे नेता हैं जिन पर भरोसा किया जा सकता है, और यही विश्वास लगातार चुनावी जीतों की नींव बनता रहा है।
परिवार के अंदर भी उत्साह का माहौल था। नीतीश कुमार की बहनें और अन्य रिश्तेदार फोन पर बधाइयाँ देते रहे। उनके करीबी सहयोगियों ने बताया कि नीतीश जी हमेशा की तरह शांत और संतुलित थे, लेकिन बेटे निशांत का गले लगाकर बधाई देना उनके लिए भी एक भावुक पल था। यह दृश्य वहां मौजूद कई लोगों की नजरों में भावनाएँ जगा गया।
निशांत कुमार ने मीडिया से संक्षिप्त बातचीत में कहा कि वे अपने पिता पर गर्व महसूस करते हैं और उम्मीद करते हैं कि वे आगे भी राज्य के विकास के लिए इसी तरह कार्य करते रहेंगे। राजनीति से दूर रहने वाले निशांत का यह समर्थन पार्टी कार्यकर्ताओं के बीच भी चर्चा का विषय बन गया।
कुल मिलाकर, बिहार में चुनावी जीत ने एक बार फिर नीतीश कुमार की लोकप्रियता को साबित किया है। पटना में उनका आवास आज उत्साह, भावनाओं और खुशियों का केंद्र बन गया, जहाँ परिवार और समर्थकों ने मिलकर लोकतंत्र की इस जीत का जश्न मनाया।












