रविवार को बॉक्स-ऑफिस पर मिली थोड़ी बहुत हलचल दरअसल इस बात की दिशा में संकेत रहा कि कुछ फिल्मों ने दर्शकों को खींचने की शुरुआत की है, लेकिन यह उछाल असमान और सीमित रहा है। विशेष रूप से हक और जटाधरा का हाल देखें तो स्थिति काफी अलग-अलग दिख रही है।
सबसे पहले हक की बात करें तो। यह फिल्म यामी गौतम और इमरान हाशमी-स्टारर सॉशल कोर्टरूम ड्रामा है, जिसे प्रशंसा मिली है। शुक्रवार को इसका कलेक्शन अपेक्षाकृत कम रहा लगभग ₹1.75 करोड़ नेट। लेकिन शनिवार को लगभग 91 % की वृद्धि हुई और ₹3.35 करोड़ तक पहुँच गई। रविवार को भी अच्छा झटका मिला और तीसरे दिन तक वीकेंड टोटल लगभग ₹8.85 करोड़ नेट हो गया। इस तरह हक ने वीकेंड में एक सकारात्मक मोमेंटम हासिल किया है जिसे वर्ड-ऑफ-माउथ का असर माना जा रहा है। अब सवाल यह है कि यह गति आगे कितनी टिकेगी, लेकिन शुरुआत की दिशा बेहतर दिख रही है।
वहीं दूसरी ओर ‘जटाधरा’ की स्थिति ज्यादा उत्साहजनक नहीं रही। इस फिल्म में सोनाक्षी सिन्हा व सुधीर बाबू मुख्य भूमिका में हैं, और यह मल्टी-लिंगुअल हॉरर/सुपरनैचुरल थ्रिलर है। इसने पहले दिन लगभग ₹1.07 करोड़ नेट कमाए। दूसरे दिन फिर लगभग ऐसा ही कमाया, और रविवार तक तीसरे दिन लगभग ₹0.99 करोड़ तक पहुंची। वीकेंड कुल करीब ₹3.13 करोड़ नेट रही। इसमें देखा गया कि दर्शक प्रमाणित रूप से कम रहे , उदाहरण के लिए हिन्दी संस्करण में रविवार को ओक्यूपेंसी लगभग 9.2 % दर्ज हुई। फिल्म की लागत करीब ₹16 करोड़ बताई जा रही है, जिससे तुलना में यह शुरुआत बहुत हल्की है।
तो निष्कर्ष यह है कि रविवार को हक ने अपेक्षाकृत बेहतर रफ्तार पकड़ी है, दर्शकों ने थोड़ी संख्या में फिल्म को स्वीकारा है और उम्मीद की जा सकती है कि सप्ताह के दौरान इससे और गति मिल सकती है। वहीं जटाधरा को फिलहाल दर्शक-दिखावट में सुधार की खासी कमी दिख रही है, और इसे आगे बढ़ने के लिए ज्यादा-ज्यादा वॉर्ड-ऑफ-माउथ या मार्केटिंग के सहारे काम करना होगा। ऐसे में अगर आप पूछ रहे हैं कि उछाल कितना रहा तो हक ने ठीक-ठाक उछाल दिखाया है, जटाधरा ने बहुत ही सीमित उछाल।












